जमशेदपुर न्यूज़: हत्या पर राजनीति नहीं, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए 3 जुलाई को बंद : सरयू राय

जमशेदपुर में सरयू राय ने फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए बंद का आह्वान किया

जमशेदपुर: जमशेदपुर पश्चिम के विधायक Saryu Roy ने कहा कि हत्या जैसे संवेदनशील मुद्दे पर किसी भी व्यक्ति या राजनीतिक दल को निजी अथवा सियासी लाभ लेने का प्रयास नहीं करना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि 3 जुलाई को प्रस्तावित जमशेदपुर बंद का उद्देश्य सरकार को घेरना नहीं, बल्कि डीडी बार हत्याकांड के फरार आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित कराना और प्रशासन पर प्रभावी कार्रवाई का दबाव बनाना है।

सरकार इस बंद को अपने खिलाफ न माने

बिष्टुपुर स्थित अपने आवास पर आयोजित सर्वसमाज एवं सर्वदलीय बैठक को संबोधित करते हुए Saryu Roy ने कहा कि सरकार को इस बंद को अपने खिलाफ नहीं लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि बंद पूरी तरह शांतिपूर्ण और स्वतःस्फूर्त होना चाहिए, ताकि प्रशासन तक यह स्पष्ट संदेश पहुंचे कि शहर की जनता अपराध के खिलाफ एकजुट है और दोषियों की गिरफ्तारी चाहती है।

व्यवसायियों से दुकानें बंद रखने की अपील

उन्होंने शहर के व्यवसायियों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों और बड़ी कंपनियों से शुक्रवार को अपने प्रतिष्ठान बंद रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह किसी राजनीतिक उद्देश्य का बंद नहीं, बल्कि एक संवेदनशील आपराधिक घटना के विरोध का प्रतीक है। उन्होंने सभी दुकानदारों से सहयोग करने और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का आग्रह किया।

अपराध के खिलाफ समाज को एकजुट होने की जरूरत

Saryu Roy ने कहा कि ऐसी घटनाओं के लिए किसी एक समाज या राजनीतिक दल को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है। अपराध के खिलाफ पूरे समाज को एकजुट होकर खड़ा होना चाहिए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।

उन्होंने शहर में बढ़ती अड्डेबाजी, जुआ, शराबखोरी और अन्य नशे से जुड़ी गतिविधियों पर भी चिंता जताई। उनका आरोप था कि ऐसी गतिविधियां पुलिस की निष्क्रियता या संरक्षण में संचालित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस की जवाबदेही तय होनी चाहिए तथा थानों की शांति समितियों का पुनर्गठन कर योग्य और सक्रिय लोगों को शामिल किया जाना चाहिए।

बैठक में उठी समन्वय समिति बनाने की मांग

बैठक में वरिष्ठ समाजसेवी शिवशंकर सिंह ने कहा कि शहर में बढ़ते अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए व्यापक जनआंदोलन की जरूरत है। वहीं झारखंड क्षत्रिय संघ के अध्यक्ष शंभूनाथ सिंह ने दावा किया कि पिछले पांच-छह महीनों में शहर में चापड़बाजी की 1300 से अधिक घटनाएं हुई हैं, जो कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं।

उन्होंने विभिन्न सामाजिक संगठनों की भागीदारी से एक समन्वय समिति गठित करने का भी सुझाव दिया।

बैठक में उषा यादव, अजय कुमार, संजय मिश्रा, रमेश कुमार, मुश्ताक अहमद, भास्कर मुखी और अंजलि सिंह सहित कई लोगों ने अपने विचार रखे। कार्यक्रम की शुरुआत डीडी बार हत्याकांड में मृत हिमांशु सिंह की स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर की गई। मंच संचालन सुबोध श्रीवास्तव ने किया।

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